तनाव के बीच भारत ने निभाया वादा: RITES ने बांग्लादेश को भेजी पहली 18-कोच LHB ट्रेन - जानें 5 बड़ी बातें
राजनीतिक कड़वाहट को पीछे छोड़ते हुए भारत की नवरत्न कंपनी RITES ने ₹915 करोड़ की डील के तहत बांग्लादेश को पहली 18-कोच की कस्टमाइज्ड हाई-टेक LHB ट्रेन सौंप दी है, जो भारत की ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग ताकत और RITES के मजबूत रेवेन्यू की शुरुआत को दर्शाता है।
जानिए इस प्रोजेक्ट और ट्रेन से जुड़ी 5 सबसे खास बातें:
1. ₹915 करोड़ का मेगा प्रोजेक्ट: यह 18 कोच की ट्रेन कुल 200 ब्रॉड-गेज एलएचबी कोचेस के ऑर्डर की पहली खेप है। यूरोपियन इन्वेस्टमेंट बैंक (EIB) द्वारा फंडेड इस ₹915 करोड़ के ग्लोबल टेंडर को RITES ने अपनी काबिलियत के दम पर जीता है।
2. ट्रेन का कॉम्बिनेशन: इस पहले रेक में 11 नॉन-एसी चेयर कार, 3 एसी चेयर कार, 2 एसी स्लीपर और 2 पावर जनरेटर कोच शामिल हैं, जिन्हें बांग्लादेश के हरे और लाल रंग में सजाया गया है।
3. अनोखे टेक्निकल बदलाव: भारतीय ट्रेनों के 750 वोल्ट सिस्टम के मुकाबले इन्हें बांग्लादेश के 415V EOG पावर कार सिस्टम के लिेए तैयार किया गया है। त्योहार पर छत पर बैठने वाले यात्रियों के वजन को झेलने के लिए ट्रेन की छत को एक्स्ट्रा मजबूत किया गया है।
4. खास सुविधाएं: बांग्लादेशी यात्रियों की सुविधा के लिए ट्रेन के अंदर प्रेयर रूम (Prayer Room) और माताओं के लिए बेबी केयर रूम बनाए गए हैं। इसके अलावा सीसीटीवी कैमरे, बायो-वैक्यूम टॉयलेट और आरामदायक सीटें दी गई हैं।
5. RITES के शेयरधारकों को फायदा: किसी भी एक्सपोर्ट ऑर्डर की असली कमाई डिलीवरी शुरू होने पर ही बैलेंस शीट में आती है। पहली ट्रेन रवाना होने से RITES के लिए ₹915 करोड़ के ऑर्डर से रेवेन्यू और मुनाफा आने का रास्ता खुल गया है, जिसका असर आने वाली तिमाहियों के नतीजों में दिखेगा।
राजनीतिक कड़वाहट के बीच भी तय समय पर वर्ल्ड-क्लास ट्रेन पहुंचाकर भारत ने 'नेबरहुड फर्स्ट' और अपनी ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग ताकत का शानदार परिचय दिया है।
RCF कपूरथला से रवाना हुई इस ट्रेन की असली झलक और हमारी खास वीडियो रिपोर्ट नीचे देखें: